International News

Lok Saba Chunav Hate Speech Supreme Court examine powers of EC Updates | सुप्रीम कोर्ट आज चुनाव आयोग के अधिकारों की समीक्षा कर सकता है


  • आयोग शीर्ष अदालत को बताएगा कि आपत्तिजनक भाषण देने वालों पर क्या कार्रवाई की
  • सोमवार को आयोग ने सुप्रीम कोर्ट में कहा था- हमारी शक्तियां सीमित

नई दिल्ली. सुप्रीम कोर्ट आज चुनाव आयोग के अधिकारों की समीक्षा कर सकता है। नेताओं के आपत्तिजनक भाषणों पर तुरंत कार्रवाई नहीं किए जाने से नाखुश शीर्ष अदालत ने सोमवार को आयोग को फटकार लगाई थी। आयोग का कहना था कि वह कार्रवाई के मामले में शक्तिहीन है। उसके पास इसके अधिकार नहीं हैं। आयोग आज अदालत को यह भी बताएगा कि उसने ऐसे में मामलोें में क्या कार्रवाई की।

 

शीर्ष अदालत शारजाह (यूएई) की एक एनआरआई योगा टीचर मनसुखानी की याचिका पर सुनवाई कर रही थी। याचिका में ऐसे नेताओं के खिलाफ कड़े एक्शन की मांग की गई थी, जो चुनाव के दौरान जाति-धर्म के आधार पर टिप्पणियां कर रहे हैं। अदालत ने 8 अप्रैल को इस मामले में सुप्रीम कोर्ट और चुनाव आयोग को नोटिस भेजा था। 

 

सुनवाई के दौरान चीफ जस्टिस रंजन गोगोई ने जब उत्तरप्रदेश में नेताओं द्वारा धार्मिक और विवादित बयान दिए जाने पर आयोग से कार्रवाई के बारे में पूछा तो आयोग ने कहा कि हम ऐसे मामलों में सिर्फ नोटिस भेजकर जवाब मांग सकते हैं। इस पर नाराज बेंच ने कहा कि वास्तव में आप यह कहना चाह रहे हैं कि आप शक्तिहीन हैं।

 

सुप्रीम कोर्ट की सख्ती के बाद आयोग ने की कार्रवाई

सुप्रीम कोर्ट के कड़े रुख के बाद चुनाव आयोग ने सोमवार को उत्तरप्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और बसपा प्रमुख मायावती पर 48 और 72 घंटे तक चुनाव प्रचार करने की रोक लगाई थी। कुछ घंटे बाद ही आयोग ने भाजपा नेता मेनका गांधी और सपा नेता आजम खान पर भी 48 और 72 घंटे तक चुनाव प्रचार करने पर रोक लगा दी।





Source link

About the author

Non Author

Leave a Comment